नई दिल्ली: भारतक राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू अपन कार्यकालक चार वर्ष पूरा होयबाक अवसर पर राष्ट्रपति भवन आ राष्ट्रपति संपदा मे कई महत्वपूर्ण पहल शुरू केलनि। 25 जुलाई 2026 के राष्ट्रपति पदक चार वर्ष पूरा केलाक बाद आयोजित कार्यक्रममे राष्ट्रपति जनसुविधा, समावेशिता, हरित परिवहन आ विरासत संरक्षणसँ जुड़ल विभिन्न परियोजनाक उद्घाटन आ शिलान्यास केलनि।
राष्ट्रपति कहलनि जे हुनकर निरंतर प्रयास रहल अछि जे राष्ट्रपति भवन भारतक समृद्ध सांस्कृतिक परंपरा, लोकतांत्रिक मूल्य आ राष्ट्रीय आदर्शक जीवंत प्रतीक बनल रहय। हुनका कहलनि जे पिछला एक वर्षमे भारतीय सभ्यतागत लोकाचारकेँ बढ़ावा देबाक लेल कई महत्वपूर्ण कदम उठाओल गेल अछि, जाहिमे चक्रवर्ती राजगोपालाचारीक प्रतिमाक अनावरण, परम वीर दीर्घा आ ग्रंथ कुटीरक स्थापना, स्टेट रूमक भारतीयकरण आ राजकीय समारोहमे भारतीय कला आ परंपराकेँ प्राथमिकता देनाइ शामिल अछि।
राष्ट्रपति भवनमे शुरू भेल कई नव सुविधा
आगंतुकक अनुभवकेँ बेहतर बनाबय लेल राष्ट्रपति भवन ई-ऑडियो गाइड शुरू कएल गेल। ऐप आधारित ई सुविधा हिंदी, अंग्रेजी सहित 14 अन्य भारतीय भाषामे उपलब्ध रहत। दिव्यांगजनक सुविधा लेल एहिमे सांकेतिक भाषा (साइन लैंग्वेज) मॉड्यूल सेहो जोड़ल गेल अछि।
एहि अवसर पर ई-उपहारक तेसर संस्करण सेहो शुरू कएल गेल। एहि पहल अंतर्गत राष्ट्रपति केँ प्राप्त 300 चुनिंदा उपहारकेँ सार्वजनिक नीलामी लेल राखल गेल अछि। ई नीलामी 5 अगस्त सँ 5 सितंबर 2026 धरि चलत।
बच्चाक लेल राष्ट्रपति संपदा मे **‘बचपन बाल परिसर’**क उद्घाटन कएल गेल। एहिमे बच्चासभक लेल प्ले जोन, ‘किलकारी’ आ ‘समर्थ आंगनवाड़ी-सह-पालना’ जेकाँ सुविधा शामिल अछि, जे बच्चाक समग्र विकास लेल सुरक्षित आ अनुकूल वातावरण उपलब्ध कराओत।
‘राही’ इलेक्ट्रिक बस सेवा सँ बढ़त हरित आ समावेशी परिवहन
राष्ट्रपति संपदा मे निःशुल्क इलेक्ट्रिक बस सेवा RAAHI (Rashtrapati Bhavan Access and Heritage Interconnector) शुरू कएल गेल। एहि पहलकेँ पर्यावरण अनुकूल, सुरक्षित आ समावेशी परिवहन बढ़ावा देबाक उद्देश्य सँ शुरू कएल गेल अछि।
ई सेवा महिला चालक आ परिचालक द्वारा संचालित होयत। ई राष्ट्रपति भवनक कर्मचारी आ राष्ट्रपति संपदाक निवासीसभकेँ परिसरक भीतर आ नजदीकी मेट्रो स्टेशन धरि सुविधाजनक आवागमनक सुविधा देत। एहि पहल सँ महिला, बच्चा, वरिष्ठ नागरिक आ दिव्यांगजन विशेष रूप सँ लाभान्वित होयत।
एकरा अतिरिक्त नेट जीरो एनर्जी रणनीति अंतर्गत सर्विस ब्लॉक निर्माणक आधारशिला राखल गेल। राष्ट्रपति निकेतन, देहरादून आ राष्ट्रपति निलयम, सिकंदराबादमे आवासीय सुविधाक उद्घाटन सेहो कएल गेल। राष्ट्रपति संपदामे स्टाफ क्वार्टरक पुनर्विकासक आधारशिला सेहो राखल गेल।
राष्ट्रपति कार्यकाल पर आधारित पुस्तकक लोकार्पण
राष्ट्रपति भवनमे आयोजित एक अन्य समारोहमे उपराष्ट्रपति सी. पी. राधाकृष्णन राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मूक कार्यकालसँ संबंधित कई प्रकाशनक लोकार्पण केलनि आ ओकर पहिल प्रति राष्ट्रपति केँ भेंट केलनि।
एहि प्रकाशनमे शामिल अछि—
- ‘राष्ट्रपति भवन : राष्ट्रक भवन’ — राष्ट्रपति कार्यकालक पहिल वर्ष पर आधारित
- ‘सेवा आ संवेदना’ — दोसर वर्षक उपलब्धिकेँ दर्शाबैत
- ‘समावेशी सहभागिता’ — तेसर वर्षक पहल पर आधारित
- ‘भारतीयताक उत्सव’ — चौथा वर्षक यात्रा पर आधारित
- ‘अमा राष्ट्रपति – अमा गौरव’ — प्रतिष्ठित व्यक्तिसभ द्वारा लिखल गेल ओड़िया लेखक संकलन
राष्ट्रपति कहलनि जे एहि पुस्तकसभक शीर्षक समावेशी लोकतंत्रमे भारतक विश्वासकेँ प्रतिबिंबित करैत अछि। हुनका विश्वास अछि जे ई सचित्र संकलन पाठकसभकेँ राष्ट्रपति भवनक परंपरा, कार्यप्रणाली आ ओकर बहुआयामी स्वरूपसँ परिचित कराओत।
‘पद नहि, दायित्व बुझिकय काज केलहुँ’: राष्ट्रपति मुर्मू
अपन संबोधनमे राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू कहलनि जे 25 जुलाई 2022 के जखन ओ भारतक राष्ट्रपति पदक जिम्मेदारी ग्रहण केलनि, तखन ई हुनका लेल सम्मान सँ अधिक दायित्वक विषय छल। ओ कहलनि जे पिछला चार वर्षमे ओ कर्तव्य आ समर्पणक भावसँ कार्य केलनि अछि।
राष्ट्रपति कहलनि जे जनता, विशेष रूप सँ युवासभ सँ संवादक क्रममे ओ हुनका नैतिक मूल्यसँ जुड़ल रहबाक आ देश एवं समाजक प्रगतिमे योगदान देबाक लेल प्रेरित करैत छथि। महिलासभ सँ ओ आत्मनिर्भर बनबाक आ आत्मविश्वासक संग आगू बढ़बाक आग्रह करैत छथि। जनजातीय समुदायसँ संवादक समय ओ अपन सांस्कृतिक विरासतकेँ संरक्षित रखैत विकासक मुख्यधारामे शामिल होयबाक आह्वान करैत छथि।
उपराष्ट्रपति कहलनि- राष्ट्रपति मुर्मूक यात्रा लोकतंत्रक शक्तिक प्रतीक
उपराष्ट्रपति सी. पी. राधाकृष्णन कहलनि जे पिछला चार वर्षमे राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू अपन विनम्रता, अनुभव, शालीनता आ संविधानक प्रति पूर्ण प्रतिबद्धतासँ सर्वोच्च संवैधानिक पदक गरिमाकेँ बढ़ौलनि अछि।
ओ कहलनि जे ओडिशाक एक दूरस्थ जनजातीय गामसँ भारतक सर्वोच्च संवैधानिक पद धरि राष्ट्रपति मुर्मूक यात्रा भारतीय लोकतंत्रक शक्ति आ समावेशी स्वरूपक प्रमाण अछि।
उपराष्ट्रपति राष्ट्रपति मुर्मूक कार्यकालमे शुरू भेल कई पहलसभक उल्लेख केलनि, जाहिमे अमृत उद्यान, राष्ट्रपति निकेतन आ राष्ट्रपति तपोवनकेँ आम जनताक लेल खोलब, राष्ट्रपति भवनकेँ दिव्यांगजन अनुकूल बनायब आ चक्रवर्ती राजगोपालाचारीक प्रतिमा स्थापित करब शामिल अछि।
ओ संथाली भाषामे ओल चिकी लिपिमे भारतक संविधान प्रकाशित होयबाक पहलकेँ ऐतिहासिक कदम बतौलनि। हुनका अनुसार ई पहल जनजातीय समाजक सम्मान आ भारतक भाषाई एवं सांस्कृतिक विविधताक संरक्षणक प्रति राष्ट्रक प्रतिबद्धताकेँ मजबूत करैत अछि।
उपराष्ट्रपति विश्वास व्यक्त केलनि जे राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मूक कार्यकालसँ संबंधित ई प्रकाशन संवैधानिकता, सेवा, करुणा, समावेशिता, सांस्कृतिक आत्मविश्वास आ राष्ट्रीय एकताक मूल मूल्यकेँ संरक्षित आ प्रोत्साहित करयमे महत्वपूर्ण भूमिका निभाओत।
