चक्रवाती तूफान ‘अर्णब’ आंध्र प्रदेशक तटसँ टकरायल, 150 किलोमीटर प्रति घंटाक रफ्तारसँ बहल हवा

 

नई दिल्ली। चक्रवाती तूफान ‘अर्णब’ बुधदिन भोर आंध्र प्रदेश आ यानमक तटीय इलाकासभकेँ प्रभावित कयलक। तूफानक असर सँ एहि क्षेत्रसभमे भारी वर्षा आ तेज हवाक स्थिति बनल रहल। भारी वर्षा, तेज हवा आ संभावित बाढ़िसँ निपटबाक लेल आंध्र प्रदेश, ओडिशा आ पश्चिम बंगालमे प्रशासन एहतियाती कदम तेज कऽ देने अछि।

मौसम विभागक अनुसार, तूफानक केंद्रमे हवाक गति 125 सँ 135 किलोमीटर प्रति घंटा रहल, जखन कि तेज झोंकाक संग ई गति 150 किलोमीटर प्रति घंटा धरि पहुँचि गेल। पछिला तीन घंटामे चक्रवात लगभग तीन किलोमीटर प्रति घंटाक गति सँ उत्तर-पश्चिम दिशामे आगू बढ़ल। अनुमान अछि जे शुरुआतमे ई धीमा गतिसँ उत्तर-पश्चिम दिस बढ़त आ तकर बाद उत्तर-उत्तर-पश्चिम दिशामे रुख करत।

तटसँ टकरबाक प्रक्रिया पूरा

भारतीय मौसम विज्ञान विभाग (आईएमडी)क अनुसार, भीषण चक्रवाती तूफान ‘अर्णब’क तटसँ टकरबाक प्रक्रिया पूरा भऽ गेल अछि आ एकर केंद्र पूरा तरह स्थल भागमे प्रवेश कऽ गेल अछि। ई चक्रवात राति दू बजेसँ भोर आठ बजे धरि आंध्र प्रदेश आ यानमक तटीय इलाकासभसँ गुजरल। एहि दौरान 125 सँ 135 किलोमीटर प्रति घंटाक गति सँ तेज हवा बहल, जेकर झोंका 150 किलोमीटर प्रति घंटा धरि पहुँचि गेल।

तूफानक प्रभावकेँ देखैत संबंधित राज्यसभमे प्रशासन सतर्क अछि। संवेदनशील क्षेत्रसभमे लोकक सुरक्षा आ राहत-बचाव कार्यकेँ प्राथमिकता देल जा रहल अछि।

आंध्र प्रदेशमे 2,199 चक्रवात आश्रयस्थल सक्रिय

चक्रवातक खतरा केँ देखैत आंध्र प्रदेश सरकार राज्यभरिमे 2,199 चक्रवात आश्रयस्थल चिन्हित कऽ सक्रिय कऽ देने अछि। समाचार एजेंसी एएनआईक अनुसार, आपदा प्रबंधन आ राहत कार्यमे तेजी अनबाक लेल राज्यक 14 संवेदनशील जिलामे बचाव दल तैनात कयल गेल अछि।

एहि अभियानक तहत राष्ट्रीय आपदा मोचन बल (एनडीआरएफ)क 12 आ राज्य आपदा मोचन बल (एसडीआरएफ)क 10 टीम तैनात कयल गेल अछि। प्रशासनक मुख्य उद्देश्य प्रभावित क्षेत्रक लोकसभकेँ सुरक्षित स्थान पर पहुँचेनाइ आ आपातकालीन स्थिति मे शीघ्र सहायता उपलब्ध करेनाइ अछि।

इंडिगोक उड़ान प्रभावित, यात्रीसभकेँ सलाह

चक्रवातक कारण खराब मौसमकेँ देखैत विमानन कंपनी इंडिगो बुधदिन राजमुंदरी, विजयवाड़ा आ विशाखापट्टनम आबय-जायवला उड़ानसभ प्रभावित होयबाक जानकारी सोशल मीडिया मंच ‘एक्स’ पर देने अछि।

कंपनी यात्रीसभकेँ सलाह देने अछि जे ओ हवाई अड्डा लेल घरसँ निकलय सँ पहिने अपन उड़ानक स्थिति अवश्य जाँचि लीह। एकरा माध्यमे संभावित देरी आ उड़ानक समयमे बदलावक कारण होयवला असुविधासँ बचल जा सकैत अछि।

चक्रवातक प्रभावकेँ देखैत संबंधित राज्यसभमे मौसमक स्थिति आ राहत-बचाव व्यवस्थापर लगातार नजर राखल जा रहल अछि। प्रशासन प्रभावित क्षेत्रसभमे सुरक्षा आ आपदा प्रबंधनक तैयारी मजबूत करबाक प्रयास कऽ रहल अछि।

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