नाना पाटेकर : एक अप्रतिम अभिनेताक जीवन-मंच सँ विदाई

सृष्टि झा

नई दिल्ली। भारतीय सिनेमा जगतक क्रांतिकारी नायक नाना पाटेकरक जीवन-मंच सँ विदाई स्तब्ध करय बला अछि। हुनकर निधनक समाचार अबिते सिनेमा जगत सहित सिनेमा प्रेमी सभक बीच शोकक लहर पसरि गेल। नाना पाटेकरक वास्तविक नाम विश्वनाथ पाटेकर छल, मुदा हुनकर बहिन हुनका ‘नाना’ कहि बजबैत छलीह। आगाँ चलि ओ एहि नामसँ दर्शक सभक बीच लोकप्रिय भऽ गेलाह।

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी नाना पाटेकर केँ श्रद्धांजलि अर्पित करैत कहलनि जे हुनकर जीवन तिरंगाक आन, बान आ शान लेल समर्पित रहल। ओ बंधनमे नहि रहलाह, बल्कि एकटा स्वतंत्र पंछी जकाँ फिल्मी आकाशमे उड़ैत रहलाह। नाना पाटेकर अपन फिल्म सभक माध्यमसँ समाजमे व्याप्त कुरीति आ व्यवस्थाक खामी पर जोरदार प्रहार कयलनि। ओ एकटा एहन क्रांतिकारी कलाकार छलाह, जे समाजक बुराइ सभक विरोधमे ठाढ़ रहलाह। हुनकर वाणी जतबे तेज छल, हुनकर मौन ओतबे प्रभावशाली छल। ओ देशविरोधी गतिविधि पर निरंतर अंकुश लगयबाक पक्षधर छलाह।

नाना पाटेकर हिंदी सिनेमामे स्थापित होयबाक पहिनहि मराठी रंगमंचक चर्चित अभिनेता बनि गेल छलाह। एहि कारण सिनेमा जगतमे हुनकर लोकप्रियता तेजी सँ बढ़ल। हुनकर अभिनय देखबाक लेल दर्शकक लाइन लगैत छल। फिल्म सभमे हुनकर संवाद दर्शकक हृदयकेँ छू जाइत छल आ लोककेँ सोचबाक लेल विवश कऽ दैत छल। अपन विलक्षण प्रतिभाक बल पर नाना पाटेकर सिनेमा जगतमे एकटा अलग पहचान बनौलनि।

नाना अपन फिल्मी करियरक शुरुआत 1978 मे फिल्म गमन सँ कयने छलाह। तकर बाद सिंहासन, अंकुश, प्रतिघात आ सलाम बॉम्बे जेकाँ चर्चित फिल्म सभमे अभिनय कयलनि। 1992 मे फिल्म अंगार लेल हुनका राष्ट्रीय फिल्म पुरस्कार भेटल। 1994 मे क्रांतिवीर लेल ओ राष्ट्रीय पुरस्कार आ फिल्मफेयर पुरस्कारसँ सम्मानित भेलाह।

नाना परिंदा, तिरंगा, अग्निसाक्षी, खामोशी: द म्यूजिकल, वेलकम, अपहरण आ राजनीति जेकाँ फिल्म सभमे सेहो अपन अभिनयक छाप छोड़लनि। ओ हर तरहक भूमिका सहजता आ प्रभावशाली ढंगसँ निभबैत छलाह। नाना केवल हिंदी सिनेमाक अभिनेता नहि, बल्कि निर्देशक आ लेखक सेहो छलाह। 1991 मे फिल्म प्रहार: द फाइनल अटैक क निर्देशन कऽ ओ निर्देशनक क्षेत्रमे अपन यात्रा शुरू कयलनि।

नाना पाटेकर केँ 2013 मे पद्मश्री पुरस्कारसँ सम्मानित कयल गेल। ओहि वर्ष महाराष्ट्र सरकार हुनका राज कपूर विशेष योगदान पुरस्कार सेहो प्रदान कयलक। ओ एहन अभिनेता सभमे शामिल रहलाह, जे सर्वश्रेष्ठ अभिनेता, सर्वश्रेष्ठ सहायक अभिनेता आ सर्वश्रेष्ठ खलनायकक श्रेणीमे फिल्मफेयर पुरस्कार जीतलनि। 2015 आ 2017 मे हुनका मराठी फिल्म लेल सर्वश्रेष्ठ अभिनेता श्रेणीमे फिल्मफेयर मराठी पुरस्कार भेटलनि। 2004 मे ओ बंगाल फिल्म पत्रकार संगठनक पुरस्कारसँ सेहो सम्मानित भेल छलाह।

सामाजिक सरोकार आ किसान सभक मसीहा

नाना पाटेकर अपन अभिनयक अतिरिक्त सामाजिक जीवनमे सेहो सक्रिय रहलाह। किसान सभक प्रति हुनकर संवेदनशीलता आ सहयोगक भावनाक कारण हुनका किसान सभक मसीहा कहल जाइत छलनि। ओ आतंकवादक खिलाफ कठोर रुख रखैत छलाह।

पहलगाम आतंकी हमला आ ऑपरेशन सिंदूरक बाद भारत-पाकिस्तानक बीच एशिया कपमे प्रस्तावित मैचक विरोध करैत नाना पाटेकर कहलनि जे, “हमरा लगैत अछि जे जे लोक हमर लोक सभक खून बहौलक, तखन हम हुनका सभक संग खेलब कियैक?”

किसान सभक प्रति हुनकर संवेदनशीलताक एकटा प्रेरणादायक प्रसंग सेहो चर्चित अछि। एक बेर ओ अपन अनुभव साझा करैत कहलनि जे हुनका लग कार नहि छल आ ओ कार कीनबाक लेल पाई जमा कएने छलाह। एक दिन समाचारमे ओ देखलनि जे सूखा आ अकालक कारण किसान आत्महत्या कऽ रहल छथि। ई देखलाक बाद ओ कार कीनबाक विचार छोड़ि देलनि आ पीड़ित किसान परिवार सभक सहायता लेल निकलि पड़लाह। कार कीनबाक लेल जमा कयल गेल पाई ओ किसान सभक परिजनकेँ दऽ देलनि।

बादमे किसान सभक सहायता लेल ओ ‘नाम फाउंडेशन’क स्थापना कयलनि। ई संस्था आइयो सूखाग्रस्त क्षेत्र सभमे असहाय आ जरूरतमंद किसान परिवारक सहायता करैत अछि। संस्था गाम सभमे पोखरिक गहींरकरण, नहर सभक सफाई आ नदी सभकेँ पुनर्जीवित करबाक दिशा मे काज करैत अछि। नाना किसान सभक समस्या आ हुनकर अधिकारक विषय पर लगातार आवाज उठबैत रहलाह।

चकाचौंध सँ दूर सादगीपूर्ण जीवन

नाना पाटेकर फिल्मी चकाचौंध सँ दूर सादगीपूर्ण जीवन जीबय पसिन करैत छलाह। हुनकर फार्म हाउस पर 12 टा गाय, दू टा बैल आ पाँच टा कुकुर छल। हुनकर फार्म हाउस पर खेती सेहो होइत छल। हुनकर जीवनशैली ई देखबैत अछि जे प्रसिद्धि आ सफलता भेटलाक बादो ओ जमीनसँ जुड़ल रहबाक महत्व दैत छलाह।

नाना पाटेकर एकटा सच्चा राष्ट्रभक्त छलाह। कारगिल युद्धक समय ओ करीब 60 दिन धरि जवान सभक संग श्रीनगर, द्रास आ लेह जेकाँ कठिन क्षेत्र सभमे रहल छलाह। भारतीय सेना संग हुनकर गहींर जुड़ाव छल। एहि लगावक कारण ओ 1980क दशकमे टेरिटोरियल आर्मी सेहो ज्वाइन कयने छलाह।

सिनेमा जगत हुनका सदिखन याद रखत

नाना पाटेकरक व्यक्तित्व बहुआयामी छल। ओ एकटा सशक्त अभिनेता, निर्देशक, लेखक, समाजसेवी आ राष्ट्रभक्तक रूपमे अपन अलग पहचान बनौलनि। हुनकर अभिनयक धार, संवादक प्रभाव, सामाजिक सरोकार आ किसान सभक प्रति समर्पण हुनका विशिष्ट बनबैत अछि।

भारतीय सिनेमा जगत एहन विलक्षण प्रतिभाक कलाकारकेँ सदिखन याद रखत। हुनकर फिल्म, हुनकर संवाद आ समाजक प्रति हुनकर योगदान दर्शक आ प्रशंसक सभक स्मृतिमे जीवित रहत।

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